केंद्र सरकार असफल जवान और किसानो के हत्यारे – बलीराजा पार्टी

0

श्रीनगर : जम्‍मू-कश्‍मीर के पुंछ में रविवार को पाकिस्‍तान ने एक बार फिर सीजफायर का उल्‍लंघन किया है. पाकिस्‍तान की ओर से की गई इस फायरिंग में पुंछ के मनकोट में सेना का एक जवान जख्‍मी हो गया है. पिछले चार दिनों में पाकिस्‍तान की ओर से बिना किसी वजह की गई फायरिंग में चार दिनों में पांच जवान शहीद हो गए हैं. वहीं छह नागरिकों की भी मौत हो गई है.

पाकिस्तानी सैनिकों द्वारा जम्मू संभाग में अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) और नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर की गई गोलाबारी में एक जवान शहीद हो गए और तीन लोगों की मौत हो गई थी. पाकिस्‍तान की फायरिंग से पुंछ जिले के कृष्णा घाटी सेक्टर में सेना का एक जवान मनदीप सिंह (23) शहीद हो गए थे. वह पंजाब में संगरूर के आलमपुर गांव के रहने वाले थे.वहीं राजौरी जिले के सुंदरबनी सेक्टर में पाकिस्तानी गोलीबारी में शहीद हुए सैनिक को सेना ने अंतिम विदाई दी गई. लांस नायक अब्राहम (34) केरल के अलेपे जिले के पूनाकम गांव के रहने वाले थे और उनके परिवार में पत्नी अनु मैथ्यू और एक वर्ष तथा दस महीने की दो बेटियां हैं.

जम्मू-कश्मीर के तीन जिलों में अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगे क्षेत्रों में पाकिस्तान द्वारा शुक्रवार को की गई भारी गोलाबारी में दो नागरिकों की मौत हो गयी और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) का एक जवान शहीद हो गया. पाकिस्‍तान ने जम्मू, सांबा और कठुआ जिलों में भारी गोलाबारी की. इसमें सांबा सेक्टर में गोलीबारी में घायल हुए बीएसएफ के हेड कांस्टेबल जगपाल सिंह ने बाद में दम तोड़ दिया. जगपाल सिंह (49) उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले के रहने वाले थे.

जम्मू कश्मीर में जम्मू और सांबा जिलों के तीन सेक्टरों में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास अग्रिम भारतीय चौकियों पर गुरुवार को पाकिस्तान की गोलीबारी तथा गोलाबारी में सीमा सुरक्षा बल के एक जवान शहीद हो गया. वहीं एक लड़की की मौत हो गयी. शहीद हुए जवान की पहचान बीएसएफ की 78 वीं बटालियन के हेडकांस्टेबल ए सुरेश के रुप में हुई. वह तमिलनाडु के रहने वाले थे. गोलाबारी में मारी गई लड़की की पहचान नीलम देवी के रूप में हुई.गौरतलब है कि कश्मीर घाटी में पिछले तीन साल में आतंकी घटनाओं में 195 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए हैं. वर्ष 2017 में 78, वर्ष 2016 में 74 और वर्ष 2015 में 43 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए.

जवान और किसानो के हत्या रोकने में केंद्र सरकार असफल रही और ५६ इंची सिने की बात करने वाले मूकदर्शक बन गए
ऐसा बलीराजा पार्टी के अध्यक्ष डॉ महेंद्र धावड़े ने कहा.

Leave A Reply